अल्मोड़ा जिले के मनियागर गांव में जिला पंचायत की 34,50 लाख की पानी की योजना और रास्तों के निर्माण में बड़ा घोटाला सामने आने के बाद अब गांव की महिलाओं ने मोर्चा संभाल लिया है और अब गांव की महिलाएं वर्तमान में गांव में चल रही पेयजल योजना के कार्य का निरीक्षण खुद कर रही हैं।
कल ग्राम प्रधान मनिआगर राखी देवी और क्षेत्र पंचायत प्रतिनिधि मीना देवी के नेतृत्व में महिलाओं का एक दल पेयजल योजना के कार्य का जायजा लेने और पेयजल योजना में किस क्वालिटी के पाइप ठेकेदार द्वारा लगाए जा रहे हैं इसका पता लगाने के लिए मौके पर गए और खुद पाइपों का निरीक्षण किया । वही इस मौके पर क्षेत्र पंचायत प्रतिनिधि मीना देवी ने कहा कि इस गांव में पानी की लाखों की योजनाएं आ चुकी हैं जिनको हड़प जा चुका है और आज भी गांव में 55 परिवार ऐसे हैं जिनके घरों में पानी का नल तक नहीं है अब पानी की एक और योजना का काम चल रहा है इस योजना में भी गड़बड़ी ना हो इसलिए आज हमने कार्यस्थल पर जाकर देखा की किस क्वालिटी के पाइप ठेकेदार के द्वारा लगाए जा रहे हैं क्योंकि पहले की योजनाओं का हाल ये है कि ना तो पाईप हैं ना ही पानी के नल हैं आज भी गांव में 55 परिवार बिन पानी के हैं।लेकिन अब हम सब महिलाओ ने ठान लिया है कि गांव में होने वाले किसी भी कार्य में अब कोई भी ठेकेदार गांव वालों का शोषण नही कर पायेगा हर कार्य की निगरानी हम खुद करेंगे क्योंकि ये गांव हमारा है।
आपको बता दें की मुद्दा टीवी खबर की तरफ से 3 महीने पहले मनिआगर गांव में 34,50 लाख की पानी की योजना और रास्तों के निर्माण में घोटाले का पर्दापास किया गया था और बताया गया था कि कैसे जिला पंचायत अल्मोड़ा के अधिकारियों ने और जिला अध्यक्ष अनूसूचित मोर्चा बीजेपी वीरेंद्र कुमार आर्य ने मिलकर 40 साल पुरानी टैंक को चुना पोतकर लाखों की योजना हड़प डाली थी ।
मुद्दा टीवी ख़बर, अल्मोडा।